शहरीकरण के आधार पर ही अर्थव्यवस्था में वृद्धि संभव ,बेहतर प्लान के बिना शहरों का सुनियोजित विकास संभव नहीं—मुख्य सचिव


मुख्य सचिव ने शहरी नियोजन पर आयोजित दो दिवसीय राष्ट्रीय सम्मेलन का किया उद्घाटन

लखनऊ। मुख्य सचिव श्री दुर्गा शंकर मिश्र ने गोमती नगर स्थित इन्दिरा गांधी प्रतिष्ठान में शहरी नियोजन पर आयोजित दो दिवसीय राष्ट्रीय सम्मेलन का उद्घाटन किया।         अपने संबोधन में मुख्य सचिव ने कहा कि इस दो दिवसीय सम्मेलन में नई सोच के साथ नई संभावनाएं निकलेगी। शहरी विकास के लिए भविष्य में क्या कर सकते हैं, इस पर नये-नये विचार निकलकर आयेंगे। पूरे देश में पिछले 8 साल से हर क्षेत्र में ट्रांसफॉर्मेशन हो रहा है। भारत सरकार की योजनाओं यथा-स्वच्छ भारत मिशन, अटल मिशन फॉर रेजुवेनशन एंड अर्बन ट्रांसफॉर्मेशन, अमृत सरोवर, प्रधानमंत्री आवास योजना, स्मार्ट सिटी योजना में उत्तर प्रदेश अग्रणी है।
         

उन्होंने कहा कि आज प्रदेश की अर्थव्यवस्था 240 मिलियन डॉलर है। आगामी 5 सालों में उत्तर प्रदेश की अर्थव्यवस्था को एक ट्रिलियन डॉलर बनाने का मुख्यमंत्री जी ने लक्ष्य रखा है। प्रदेश की अर्थव्यवस्था को बढ़ाने के लिए हर क्षेत्र में पूरी क्षमता के साथ कार्य करना होगा। आज उत्तर प्रदेश में 13 एक्सप्रेस-वे हैं, देश में पहला इनलैंड वॉटर हाईवे-वे वाराणसी में बन रहा है। ग्रेटर नोएडा और अयोध्या में 2 इंटरनेशनल एयरपोर्ट बनाए जा रहे हैं। उत्तर प्रदेश के 5 शहरों में मेट्रो चल रही है। हर सेक्टर में तेजी से कार्य चल रहा है। उन्होंने कहा कि दुनिया का अनुभव कहता है कि शहरीकरण के आधार पर ही अर्थव्यवस्था में वृद्धि संभव है। शहरीकरण हमारे लिए बहुत ही महत्वपूर्ण है।
         

उन्होंने कहा कि बेहतर प्लान के बिना शहरों का सुनियोजित विकास संभव नहीं है। शहरों को स्वच्छ रखने के लिए बेहतर प्लानिंग की जरुरत है। ग्रीन, क्लीन और स्मार्ट सिटी तभी होगी जब प्लानिंग बड़ी होगी। सफाई के विषय पर उन्होंने कहा कि स्वच्छ भारत मिशन के तहत प्रदेश के कई शहर स्वच्छ हो गए हैं।
       

 कार्यक्रम में प्रमुख सचिव नगर विकास श्री अमृत अभिजात, डीएम चंदौली सुश्री ईशा दुहन, कानपुर विकास प्राधिकरण के वीसी श्री अरविंद सिंह समेत अन्य अधिकारीगण तथा प्रतिभागीगण आदि मौजूद थे।


Scroll To Top
Translate »