
लखनऊ | भारतीय जनता पार्टी ने अखिलेश सरकार पर सातवें वेतन आयोग की संस्तुतियों को लागू कराने में भारी ढिलाई का आरोप लगाया है।
मुख्य प्रवक्ता हृदयनारायण दीक्षित ने कहा कि केन्द्र ने सातवें वेतन आयोग की सिफारिशे बहुत पहले ही लागू कर दी थीं। लेकिन राज्य की सपा सरकार ने कर्मचारी हितों की चिन्ता नहीं की। सरकार ने लगातार टाल मटोल किया। कर्मचारी आन्दोलित थे। लेकिन सरकार टालती रही। सरकार ने कमेटी बनाई। सरकार को केन्द्र की तर्ज पर यहां भी वेतन आयोग की संस्तुतियां तत्काल लागू करनी चाहिए थीं। सरकार ने अब तक उ0प्र0 वित्तीय निगम, उ0प्र0 लघु उद्योग निगम, उ0प्र0 स्पिनिंग कार्पोरेशन, उ0प्र0 निर्यात निगम आदि के कर्मचारियों को पांचवे वेतन आयोग का लाभ भी नहीं दिया है। आज भी इसकी कोई घोषणा नहीं हुई। इसी प्रकार उ0प्र0 मत्स्य निगम, फार्मास्यिुटिकल लिमिटेड और यू0पी0 इलेक्ट्रानिक्स सहित अनेक निगमों में छठवें वेतन आयोग की सिफारिशें भी लागू नहीं कीं। इन कर्मचारियों का कोई दोष नहीं।
भाजपा प्रवक्ता ने कहा कि सरकार ने चुनाव में फायदा उठाने की दृष्टि से मजबूरीवश, बेमन से यह आधी अधूरी घोषणा की है।
https://rashtriyadinmaan.com
