मुख्यमंत्री योगी ने प्रदेश में ई-ऑफिस प्रणाली का शुभारम्भ किया


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फाईलों के ढेर के पास बैठने वाला अधिकारी कर्मचारी दमें का मरीज हो जाएगाःयोगी

लखनऊ,।  मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश की सत्ता सँभालते ही सूबे में भ्रष्टाचार, फाइलों के निस्तारण में देरी आदि समस्याओं को खत्म करने की बात कही थी, इसी क्रम में शुक्रवार 27 अक्टूबर को मुख्यमंत्री  ने प्रदेश में ई-ऑफिस प्रणाली का शुभारम्भ किया, । इस दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कार्यक्रम का संबोधन भी किया।

गौरतलब है कि, कार्यक्रम का आयोजन उत्तर प्रदेश विधानसभा के तिलक हॉल में किया गया था। इस दौरान योगी सरकार के भी कई मंत्री कार्यक्रम में मौजूद रहे थे। जिनमें उप-मुख्यमंत्री दिनेश शर्मा, ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा भी मौजूद थे। इस दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कंप्यूटर पर इस प्रणाली की कार्यप्रणाली को समझा।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने संबोधन में कहा मैं अपने सभी सहयोगियों के साथ साथ सभी अधिकारियों को बधाई और शुभकामनाएं देता हूँ, आज का दिन अहम है, मुख्यमंत्री और मुख्य सचिव के कार्यालय के अलावा 20 दफ्तर ई ऑफिस से जुड़ रहे हैं, ई ऑफिस एक बड़ा कदम है, इसमें कुछ अच्छाइयां हैं तो कुछ कठिनाइयां भी होंगी, हमने इस प्रणाली को पूरे प्रदेश में लागू करने का काम किया है। पीएम की मंशा के अनुरूप ई ऑफिस महत्वपूर्ण है, 12500 पेपर के लिए हमे एक बड़ा पेड़ काटने पड़ता है और हर साल पेपर की मात्रा दोगुनी हो जाती है, मैंने फाइलों का बहुत ढेर देखा जो धूल से सनी हुई थी, और जो अधिकारी वहां उन फाइलों की बीच बैठा होगा तो मैं मानता हूं कि वो दमे का मरीज तो बन ही जायेगा, इतनी धूल से भरी होती है कार्यालय में पड़ी फाइलें, ई ऑफिस प्रणाली जनता के लिए बेहद आसान तरीका होगा अपनी बात कहने का, शुरुआत में थोड़ी दिक्कत हो सकती है क्योंकि किसी भी व्यवस्था में बदलाव में दिक्कत आनी लाजमी है मगर ये कारगर साबित होगा, आज हम अपने 20-22 कार्यालयों को ई ऑफिस से जोड़ने का काम करने जा रहे हैै।ं, हम सिटीजन चार्टर लागू करना चाहते हैं।

मुझे विश्वास है जिन 20-22 कार्यालयों में हम इसे लागू करने जा रहे हैं उसकी ट्रेनिंग भी दी गई है। बहुत सारी चीजें ऐसी होती हैं जब कार्य न करना हो तो कोई कमेटी गठित कर दो, 3 से 30 साल लग जाएं और आदमी इस लोक से दूसरे लोक जा चुका हो सीएम कार्यालय, आबकारी, सूचना होमगार्ड, संस्कृति, खेलकूद, परिवहन विभाग समेत कई विभागों को हम ई ऑफिस से जोड़ने जा रहे है हम इसे कर लेंगे तो हमारे कार्यों पर किसी को ऊँगली उठाने की जरूरत नहीं होगी जिसकी स्मृति तेज न हो या वो इस्तेमाल न करना चाहे उसके लिए रजिस्टरों को भूलना एक बहाना होता है।


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