केन्द्र व राज्य सरकार से नाराज किसानों ने कहा बदल देगें सरकार


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राष्ट्रीय किसान मंच के अधिवेशन में जुटे किसान संगठनों ने किसानों की समस्याओं को लेकर लामबंद होने का ऐलान किया

लखनऊ,। राष्ट्रीय किसान मंच के अधिवेशन में जुटे किसान संगठनों ने किसानों की समस्याओं को लेकर लामबंद होने का शनिवार को ऐलान किया। लखनऊ के रविंद्रालय में आयोजित अधिवेशन में देश के कई हिस्सों से आये किसानों और संगठनों के प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया। राष्ट्रीय किसान मंच के बैनर तले हुए किसान अधिवेशन में किसानों ने सरकारों के खिलाफ हुंकार भरते हुए केन्द्र व राज्य सरकारों को दो टूक चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों को स्वीकार नहीं किया गया तो किसान आने वाले चुनाव में देश की सत्ता को बदलने का काम करेगा।

अधिवेशन की अध्यक्षता करते हुए राष्ट्रीय किसान मंच के राष्ट्रीय अध्यक्ष शेखर दीक्षित ने कहा कि सरकारों ने किसानों को अपनी नीतियों के चलते बद से बदतर हालत में ला दिया है। आज किसान आत्म हत्या करने को मजबूर हो रहा है। ऐसे में सरकारों को सोचना चाहिए कि जब किसान ही नही रहेगा तो लोगों के लिए अन्न कौन पैदा करेगा? दीक्षित ने कहा कि किसानों के हालात सुधारने के लिए किसानों को निर्णय लेने की प्रक्रिया में भागीदार बनाए जाने की जरूरत है। इसके लिए संवैधानिक किसान आयोग का गठन किया जाना चाहिए तथा किसानों को उसका सदस्य बनाया जाना चाहिए। जब आयोग संवैधानिक रूप से गठित होगा तो उसके निर्णय भी सरकार के लिए बाध्यकारी होंगे तथा यह किसानों के बेहतर भविष्य के द्वार खोलेगा।

उन्होंने कहा कि सरकार को किसानों के भविष्य को सुरक्षित बनाने का भी इंतजाम करना चाहिए। जीवन भर खेत में विपरीत परिस्थतियों में लोगों के लिए मेहनत करके अन्न उगाने वाले किसान के पेंशन की व्यवस्था की जानी चाहिए, जिससे कि उम्र के उस पड़ाव में किसान को मदद मिल सके जब वह खेत में काम करने में असमर्थ हो। अधिवेशन में आए किसानों ने जमीन अधिग्रहण प्रक्रिया का भी विरोध किया। अधिग्रहण की प्रक्रिया तर्कसंगत बनाये जाने की मांग उठाई गई। साथ ही उद्योगपतियों के लिए बनाये गए सिंगल विन्डो की व्यवस्था की दर्ज पर किसानों के लिए भी सिंगल विन्डो की व्यवस्था की मांग की गई। महाराष्ट्र से आये किसान नेता राजीव द्विवेदी ने कहा पूरे देश मे किसान परेशान है और कर्ज मे डूबा हुआ है। फसल का सही मूल्य न मिलने के कारण आत्महत्या को मजबूर हो रहा है।

दिल्ली से आए किसान नेता अवनीश सलूजा ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी किसानों की आय दोगुनी करने की बात करते हैं लेकिन तत्काल समस्याएं, उनकी आत्महत्याएं, उनका दुख क्या उन्हें नहीं दिखता? मध्य-प्रदेश मे किसानो के लिए आंदोलन चला रहे वेदव्रत वाजपेयी ने कहा अब वह दिन दूर नहीं जब अपने हक के लिए किसान भी हथियार उठाने को विवश होंगे, फिर देश मे भयावह संकट उत्पन्न होगा।


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