कैग टीम ने जीडीए V.C.से पूछा , टाउनशिप बसाने वाले बिल्डरों पर लेवी चार्ज क्यो नहीं लगाया


 

1

 

लखनऊ में कैग टीम और जीडीए अधिकारियों के बीच हुई बैठक 

लखनऊ |     कैग की आपत्तियों को लेकर लखनऊ में कैग टीम और प्राधिकरण के अधिकारियों की लखनऊ में बैठक हुई। सूत्रों के मुताबिक कैग टीम ने जांच के बाद तैयार ड्राफ्ट के आधार पर जीडीए अधिकारियों से सवाल पूछे। इन सवालों का जवाब जीडीए के संबंधित विभागीय अधिकारियों ने दिया।

दरअसल प्रमुख सचिव (आवास) मुकुल सिंघल ने रफ नोट मिलने के बाद जीडीए उपाध्यक्ष से ड्राफ्ट में दी गई अपत्तियों की विस्तृत रिपोर्ट मांगी थी। जीडीए उपाध्यक्ष कंचन वर्मा अपने विभागीय अधिकारियों के साथ तैयार विस्तृत रिपोर्ट लेकर कैग टीम के सामने प्रस्तुत हुई। इस दौरान कैग टीम के अधिकारियों ने जीडीए के लेनदेन और कामकाज पर लगाई अपत्तियों के सवाल पूछे। इन सवालों का जवाब जीडीए से संबंधित विभाग के अधिकारियों ने दिया।

सूत्र बताते हैं कि इस दौरान कैग टीम ने इंजीनियरिंग, प्लानिंग, प्रवर्तन, प्रॉपर्टी, उद्यान सेक्शन सहित अन्य विभागों से संबंधित सवाल पूछे। इसमें सबसे महत्वपूर्ण मेट्रों के लिए ज्यादा अंशदान देने, मेट्रो के साथ एलिवेटेड रोड का निर्माण करने, मधुबन-बापूधाम आवासीय योजना और इंदिरापुरम में विधायकों को प्लाट आवंटित करने, ग्राम समाज व अन्य सरकारी विभागों की जमीनों का पुर्नग्रहण कर कौड़ियों के भाव बिल्डरों को देने, ग्रीन बेल्ट की जमीन का भू-उपयोग बदलने, नर्सिंग होम को प्लाट को स्कूल के प्लाट में बदलने, इंदिरापुरम के मेंटीनेंस, बैंक गारंटी के रूप में प्लाट को गिरवी रखने, भविष्य के विकास के लिए कोई एक्शन प्लान न होने, इंटीग्रेटिड टाउनशिप बसाने वाले बिल्डरों पर लेवी चार्ज न लगाने आदि आपत्तियों से संबंधित सवाल पूछे हैं।


Scroll To Top
Translate »