अखिलेश की रथ यात्रा में लाखों का हुजूम उमड़ा सडकों पर


 

3-nov-rath-yatra-3

लखनऊ,  मुख्यमंत्री अखिलेश यादव की रथयात्रा के लिए बुधवार शाम 4 बजे से ही लोग जुटना शुरू हो गए थे। लोगो ने रात को सडकों में खाना भी बना के खाया। सुबह होते होते ला-मार्ट ग्राउंड के समीप लाखों की संख्या में अखिलेश समर्थक इकठ्ठा होने लगे थे।

कार्यक्रम में शामिल होने के लिए समाजवादियों की भारी भीड़ को आता देख पुलिस को रास्ते बंद करने पड़े। लेकिन लोग पैदल ही मुख्यमंत्री आवास की तरफ बढ़ गए। अखिलेश के समर्थन में आया जन समूह अखिलेश भैया जिंदाबाद के नारे लगाता नजर आया।

8 बजे तक ला-मार्ट ग्राउंड पूरी तरह से खचाखच भर गया था ग्राउंड के अंदर करीब डेढ़ लाख लोग मौजूद थे जनसैलाब का आलम ये था कि जितनी समर्थकों की भींड ग्राउंड के अंदर थी उसकी 10 गुना समर्थकों की भींड मैदान के बाहर सड़कों और चौराहों पर थी। चारों ओर अखिलेश जिंदाबाद के नारे लग रहे थे। उम्मीद जताई जा रही है कि आयोजन स्थल और उसके आसपास के इलाकों में कम से कम 10 लाख का जनसैलाब मौजूद था।

3-nov-rath-yatra8888899

मुख्यमंत्री अखिलेश यादव की रथ यात्रा ने शुरू होते ही इतिहास रच दिया है। देश के इतिहास में ऐसा पहली बार हुआ है जब किसी रैली या रथ यात्रा में इतनी भारी मात्रा में जनसैलाब उमड़ा हो। एक अनुमान के तौर पर मुख्यमंत्री की रथ यात्रा में लखनऊ से लेकर उन्नाव तक करीब 20 लाख लोगों का जनसैलाब जुटने का अनुमान लगाया जा रहा है।

कार्यक्रम के सफल होने के चलते जोश में नजर आए पूर्व सपा प्रवक्ता राजेन्द्र चौधरी। उन्होंने मीडिया से बातचीत में कहा कि भीड़ का अंदाजा आप इस बात से लगा सकते हैं कि रथयात्रा में करीब 20 हजार से 25 हजार गाड़ियां शामिल होंगी।

 

अखिलेश के समर्थन में आने वाले समाजवादियों में भारी संख्या में युवा नेता और समर्थक नजर आए। जोश ऐसा कि नारों से पूरा इलाका गूंजता रहा।

रथ यात्रा में शामिल होने के लिए केवल कानपुर से करीब 6 से 7 हजार गाड़ियों से समाजवादी नेता और कार्यकर्ता पहुंचे। तो वहीं मंत्रीं नरेंद्र वर्मा करीब 400 गाड़ियों के काफिले के साथ इस रथ यात्रा में शामिल हुए हैं।

लखनऊ से उन्नाव तक की रथ यात्रा के आयोजन की जिम्मेदारी मुख्यमंत्री के करीबी एमएलसी सुनील सिंह यादव ‘साजन’ और अमिताभ बाजपेई को सौंपी गयी थी।


Scroll To Top
Translate »